
रांची :झारखंड राज्य आजीविका प्रोत्साहन सोसाइटी (JSLPS) की शासी निकाय की 7वीं बैठक रांची स्थित एफएफपी भवन में संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता राज्य की ग्रामीण विकास, ग्रामीण कार्य एवं पंचायती राज मंत्री श्रीमती दीपिका पांडेय सिंह ने की। बैठक में ग्रामीण आजीविका, महिला सशक्तिकरण और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

बैठक में विशेष रूप से स्वयं सहायता समूहों (SHGs) से जुड़ी महिलाओं की आजीविका को स्थायी और मजबूत बनाने पर जोर दिया गया। निर्णय लिया गया कि सरकार की विभिन्न आपूर्ति आवश्यकताओं—जैसे सैनिटरी नैपकिन, स्कूलों के लिए कॉपी-किताबें और बैग, मिड-डे मील के लिए सामग्री, दूध, फल एवं सब्ज़ियां—का उत्पादन स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं करेंगी। इससे महिलाओं को स्थायी आय के अवसर मिलेंगे और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।

बैठक में यह भी तय किया गया कि JSLPS एक स्वतंत्र सोसाइटी के रूप में विभिन्न विभागों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य करेगी। सिविल सोसाइटी संगठनों के सहयोग से महिलाओं की आजीविका, स्वास्थ्य और बुनियादी जरूरतों को सशक्त बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने से महिलाओं का समय बचेगा, जिससे वे आजीविका गतिविधियों में अधिक सक्रिय भागीदारी कर सकेंगी।

सिंचाई सुविधा को बढ़ावा देने के लिए माइक्रो-लिफ्ट इरिगेशन परियोजना का विस्तार करने का निर्णय लिया गया। वर्तमान में यह परियोजना 10 प्रखंडों में संचालित है, जिसे आने वाले वर्ष में 50 प्रखंडों तक विस्तारित किया जाएगा। इस परियोजना से महिलाओं की बागवानी गतिविधियों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और कई मामलों में उनकी आय में पाँच गुना तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

बैठक में कृषि विभाग सहित अन्य विभागों के साथ समन्वय कर स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को ट्रैक्टर सहित विभिन्न संसाधन उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई। सरकार का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक महिलाओं तक योजनाओं का लाभ पहुंचे और उन्हें आत्मनिर्भर बनाया जा सके।

भ्रष्टाचार और देरी के मुद्दे पर मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने स्पष्ट कहा कि कार्यों में तेजी लाने की आवश्यकता है। लंबित नॉन-फाइनेंशियल MoU, परियोजनाओं के विस्तार और विभागीय भर्ती से जुड़े मामलों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने अधिकारियों को पारदर्शिता, समयबद्धता और परिणाम-उन्मुख कार्यशैली अपनाने पर विशेष जोर दिया।

मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं का आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण सुनिश्चित करना है और JSLPS इस दिशा में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।





