
रांची, 26 जुलाई: झारखंड राज्य के एमपीडब्ल्यू (MPW) स्वास्थ्य कर्मी अपनी लंबित एवं न्यायोचित मांगों को लेकर 27 जुलाई 2026, सोमवार को रांची स्थित झारखंड मंत्रालय नेपाल हाउस के समक्ष आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन करेंगे। यह प्रदर्शन झारखंड एमपीडब्ल्यू कर्मचारी संघ के नेतृत्व में राज्यव्यापी चरणबद्ध आंदोलन के तहत आयोजित किया जा रहा है।
संघ के अनुसार, आंदोलन के 14 दिन बीत जाने के बावजूद स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्रतिनिधियों के साथ कोई वार्ता नहीं की गई है। संघ का कहना है कि आंदोलन शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव सहित संबंधित अधिकारियों को लिखित सूचना दी गई थी, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई।
एमपीडब्ल्यू कर्मियों का आरोप है कि राज्य सरकार ने अब तक उनका स्थायी समायोजन नहीं किया है, जिससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी है। संघ के निर्णय के अनुसार राज्य के सभी 24 जिलों के एमपीडब्ल्यू स्वास्थ्य कर्मी सोमवार दोपहर 12 बजे ओवरब्रिज के निकट से रैली निकालेंगे, जो झारखंड मंत्रालय नेपाल हाउस पहुंचकर प्रदर्शन में तब्दील होगी।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि प्रदर्शन के बाद भी उनकी मांगों पर उचित निर्णय नहीं लिया गया तो वहीं अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा। साथ ही देवघर श्रावणी मेले में प्रतिनियुक्त एमपीडब्ल्यू कर्मियों द्वारा भी विरोध की संभावना जताई गई है।
झारखंड एमपीडब्ल्यू कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष पवन कुमार एवं प्रदेश महासचिव मंगल हेंब्रम ने संयुक्त रूप से कहा कि आंदोलन राज्य सरकार द्वारा किए गए वादों को पूरा नहीं किए जाने के कारण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आंदोलन से उत्पन्न होने वाली किसी भी स्थिति की जिम्मेदारी राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग की होगी।