मूलवासी सदान मोर्चा की रांची में 27 फरवरी को होने वाली मार्च अधिकार रैली की तैयारी को लेकर आज गुमला परिसदन में बैठे हुई। बैठक में मूलवासी सदान मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद पद्मश्री मधु मंसूरी क्षितीश कुमार राय भी उपस्थित थे। मूलवासी सदान मोर्चा के द्वारा 27 फरवरी को रांची के जयपाल सिंह स्टेडियम, शहीद स्मारक, जिला स्कूल से राजभवन तक विशाल पैदल मार्च रैली आयोजित की गई है। तत्पश्चात सदानों के विभिन्न मांगों को लेकर राज्यपाल को विज्ञापन सौंपा जाएगा।। इस रैली मार्च में राज्य के समस्त जिलों के सदान शामिल होंगे।।इस मौके पर मूलवासी सदान मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद ने राजनेताओं को आड़े हाथ लेते हुए कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि राज्य में बनने वाली सरकारों ने मूलवासी सदानों की अधिकार को छीनने का काम किया।

राजेन्द्र प्रसाद ने कहा कि सदानों को अधिकार लेना है तो मूलवासी सदान मोर्चा के आह्वाहन पर लोकसभा और विधानसभा चुनाव में सदानों के हित में जो दल को समर्थन देगा उसी दल को वोट करें ,तब ही सदानों को अधिकार मिलेगा। उन्होंने कहा राजनीतिक दल लोकसभा और विधानसभा में बाहरी उम्मीदवार को प्रत्याशी बनाकर सदानों के अधिकार को छीनने का काम किया जा रहा है। जबकि सदान पहले से ही बहुत सारे जिलों में सांसद ,विधायक, नहीं बन पाते हैं इसके बाद भी सदानों को प्रमुख ,मुखिया ,जिला परिषद अध्यक्ष बनने से वंचित कर दिया गया है। उन्होंने कहा इतना ही नहीं पिछड़ों का राज्य में 55% आबादी होने के बाद भी 14% आरक्षण मिलता है । उन्होंने कहा कि राज्य में अंतिम सर्वे के आधार पर स्थानीय नीति तथा नियोजन नीति जल्द से जल्द बनाकर राज्य में बेरोजगारी से जूझते झारखंडी छात्रों को रोजगार देने का कार्य किया जाए। उन्होंने कहा मूलवासी सदान आयोग का गठन करने, तथा राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग ने 36%से 50% आरक्षण पिछड़ी जातियों को देने , जातीय जनगणना कराने व सदान से आने वाले सवर्णों की का भी सर्वेक्षण कराने और पिछड़ी जातियों का गुमला सहित सात जिलों में आरक्षण शून्य है उसमें सुधार करने को लेकर यह रैली आयोजन किया गया। उन्होंने कहा कि झारखण्ड में विधानसभा सभा की सीटों को 160 और लोकसभा की सीटों को 28 करने की मांग केन्द्र सरकार से की है, जिससे सदानों को भी विधानसभा और लोकसभा में प्रतिनिधित्व करने का मौका मिल सके। पद्मश्री मधु मंसूरी ने कहा हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदाय सदान वर्ग से आते हैं इसलिए हिंदू मुस्लिम दोनों अपने अधिकारियों को समझें । अपने अधिकारों को पाने के लिए रैली में भारी संख्या में रांची पहुंचने का आह्वान किया। मोर्चा के सलाहकार क्षितिश कुमार राय ने कहा कि झारखण्ड में सदानों की आबादी 65% है। लेकिन हम अपने वोट का महत्व को नहीं समझ पाए जिसका लाभ राजनीतिक दल उठा रहे हैं। अब हमें संगठित होकर ही वोट करना है तभी सदानों को अधिकार मिलेगा।। बैठक में अजित विश्वकर्मा, मनोज वर्मा, सहदुल मंसूरी, भीकू सिंह, जलील अली, चंद्रनाथ प्रसाद, सुरेश श्रीवास्तव, आदि प्रमुख उपस्थित थे। ज्ञातव्य है कि रैली इन लक्षणों को प्राप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है यह सदान समाज की ताकत और एकता का प्रदर्शन होगा और राजनीतिक दलों को कड़ा संदेश जाएगा, कि वह अब सदान समाज की मांगों को नजर अंदाज नहीं कर सकते।। इस रैली का आगामी चुनाव पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ने की संभावना है, यह सदान समाज के लिए अपनी आवाज उठाने और समाज में अपनी वंचित हिस्सा मांगने का एक मंच होगा।
