
आज दिनांक 29 अक्टूबर 2025 को केंद्रीय सरना समिति के तत्वाधान में पंखराज बाबा कार्तिक उरांव के 101 जयंती के शुभ अवसर पर हरमू बायपास रोड स्थित बाबा कार्तिक उरांव के प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई मौके पर केंद्रीय सरना समिति के केंद्रीय अध्यक्ष श्री फूलचंद तिर्की ने कहा कि पंखराज बाबा कार्तिक उरांव कुशल अभियंता कुशल प्रशासक एवं कुशल राजनेता थे उन्होंने इंजीनियरिंग की अनेक डिग्रियां हासिल कर विदेशों में नौकरी किया एवं ऑटोनॉमिक पावर प्लांट का निर्माण किया तत्कालीन प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने उन्हें भारत वापस बुलाया एवं एच ई सी में डिप्टी चीफ इंजीनियर के पद पर पदास्थापित किया ।लेकिन यहां आकर देखा कि आदिवासी समाज आर्थिक शैक्षणिक सामाजिक राजनीतिक रूप से पिछड़े हुए हैं जिसके कारण वे नौकरी छोड़ समाज सेवा करने में जुट गए उन्होंने 1967 में अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद का गठन किया एवं 1970 में केंद्रीय सरना समिति का गठन किया । बाबा कार्तिक उरांव ने 20 वर्ष की काली रात नामक पुस्तक लिखी उसमें उल्लेख किया गया है ईसाई मिशनरियों के द्वारा धर्मांतरण एवं दोहरा लाभ के विरोध में संसद में आवाज उठाई जिन्हें 348 सांसदों का समर्थन प्राप्त था लेकिन तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने संसद को ही भंग कर दिया मौके पर केंद्रीय सरना समिति के महिला केंद्रीय अध्यक्ष निशा भगत रांची जिला सरना समिति के अध्यक्ष अमर तिर्की वरीय उपाध्यक्ष प्रमोद एक्का रतन उरांव विकास भगत अमित टोप्पो राकेश लिंडा नंदा उरांव सोमनाथ मुंडा बिगल उरांव रूपलाल मुंडा शिवशंकर उरांव एवं अन्य शामिल थे।
