
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दौरान मंगलवार को सासाराम विधानसभा क्षेत्र में बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम देखने को मिला। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रत्याशी सत्येंद्र साह को नामांकन दाखिल करने के तुरंत बाद पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
सूत्रों के अनुसार, सत्येंद्र साह सासाराम अनुमंडल कार्यालय में अपना नामांकन दाखिल कर रहे थे। जैसे ही प्रक्रिया पूरी हुई, पुलिस ने उन्हें झारखंड के गढ़वा थाना क्षेत्र में वर्ष 2004 के एक पुराने डकैती मामले में जारी स्थायी वारंट के आधार पर हिरासत में ले लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उन्हें झारखंड पुलिस के हवाले कर दिया, जो उन्हें गढ़वा कोर्ट में पेश करेगी।
सत्येंद्र साह सासाराम के करगहर थाना क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं। उनके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। वर्ष 2010 में उन्होंने कांग्रेस (जे) के टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ा था, जबकि कुछ वर्ष पहले उन्होंने अपनी पत्नी को नगर निगम सासाराम से मेयर चुनाव में उतारा था। इस बार राजद ने मौजूदा विधायक राजेश गुप्ता का टिकट काटकर सत्येंद्र साह को प्रत्याशी बनाया था।

भारी पुलिस सुरक्षा में हुई गिरफ्तारी
नामांकन के दौरान ही सत्येंद्र साह की गिरफ्तारी से वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिस ने पूरी कार्रवाई भारी सुरक्षा के बीच की। इस घटना के बाद सासाराम की राजनीति में तेज हलचल मच गई है।
राजद समर्थक इस गिरफ्तारी को राजनीतिक साजिश बता रहे हैं और इसे चुनावी रणनीति को प्रभावित करने वाला कदम मान रहे हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश पर की गई है और इसका चुनाव से कोई संबंध नहीं है।
