JSSC द्वारा ली जाने वाली सहायक आचार्य बहाली में सफल अभ्यर्थियों का बायोमैट्रिक के कारण से हजारो लोगो को DV से वंचित रखा गया है जो काफी निराशजनक एवं दुखदायक है।
जबकि JSSC को चाहिए कि इस तरह की समस्या के लिए विशेष उपाय हो परन्तु सिर्फ मौखिक रूप से यह कहना है आप सभी के लिए जॉचोपरांत DV कराई जाएगी जबकि यह स्पष्ट नही है कि जांच कब होगी या कितने दिनो मे किया जाएगा।

एक दो पेपर में वायोमैट्रिक की वजह से DV नही होने के कारण सफल अभ्यर्थियों का भविष्य अधर मे लटका हुआ नजर आता है जबकि पारा शिक्षक शत प्रतिशत प्रतिदिन विद्यालय आने एवं जाने के क्रम में बायोमैट्रिक से अपनी उपस्थिति बना रहे है परन्तु JSSC के DV प्रक्रिया में वायोमैट्रिक नही बन रही है जो आश्चर्यजनक है।
जबकि JSSC को चाहिए कि एक शपथपत्र के माध्यम से भी सफल अभ्यर्थियो को DV करा लें। हाँ बाद में जॉचोपरांत कोई अभ्यर्थी गलत पाए जाते है तो JSSC करवाई कर सकती है।

इन बातो से अवगत कराने के दिनांक 11/08/025 को टेट सफल सहायक अध्यापक संघ के प्रदेश संरक्षण प्रमोद कुमार एवं अन्य अभ्यर्थियो के द्वारा शिक्षा सचिव को विज्ञप्ति देकर एवं प्राथमिक शिक्षा निदेशक से मिलकर Jssc द्वारा ली गई सहायक आचार्य की परीक्षा मे लोग सफल हुए ।
वैसे सफल अभ्यर्थियो का बायोमैट्रिक की वजह से एक या दो पेपर मिसमैच होने के कारण DV नही कराया गया। उन्होने कहा कि थोडा समय दिजीए JSSC अभी किसी को रिजेक्ट नही किया है साथ ही मांगो से संबंधित कापी JSSC को भेजें ने की बात कही

साथ ही आग्रह किया गया कि जब तक जॉच नही होती है तब तक के लिए DV को नही रोका जाए एंव एक शपथ पत्र के माध्यम से DV कराया जाए इसमे एक या दो पेपर का मामला है जॉचोपरांत कोई दोषी मिलते है तो उनमें कारवाई करने के लिए विभाग / JSSC स्वंतत्र है परन्तु देर नही की जाए अन्यथा जिनकी नियुक्ति बाद में होगी वे एक ही बहाली में सिनियर जुनियर हो जाएगे जो बिल्कुल सही नही होगा।