
रांची। फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की कार्यकारिणी समिति की तीसरी बैठक चैंबर अध्यक्ष तुलसी पटेल की अध्यक्षता में चैंबर भवन में संपन्न हुई। बैठक में राज्य के व्यापारियों और उद्योगों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। बाजार समितियों में दुकानों और गोदामों के किराये में एकतरफा वृद्धि तथा भूमि एवं भवन की खरीद-बिक्री पर निबंधन शुल्क में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी के फैसले पर सदस्यों ने चिंता जताई।
दुकानों और गोदामों के बढ़े किराये पर जताई आपत्ति
बैठक में बाजार समितियों में आवंटित दुकानों और गोदामों के किराये में एकतरफा वृद्धि के निर्णय पर आपत्ति दर्ज कराई गई। चैंबर सदस्यों का कहना था कि व्यापारियों पर आर्थिक बोझ डालने वाले फैसले लेने से पहले संबंधित व्यापारिक संगठनों और हितधारकों से विचार-विमर्श किया जाना चाहिए। चैंबर अध्यक्ष तुलसी पटेल ने इस मामले में जल्द ही कृषि मंत्री से मुलाकात कर वार्ता करने का आश्वासन दिया।
निबंधन शुल्क में 10 प्रतिशत वृद्धि पर चिंता
राज्य में भूमि और भवन की खरीद-बिक्री पर निबंधन शुल्क में 10 प्रतिशत की वृद्धि के फैसले पर भी सदस्यों ने चिंता व्यक्त की। चैंबर महासचिव रोहित अग्रवाल ने कहा कि इससे आम लोगों और व्यवसायियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा। उन्होंने संबंधित विभागीय सचिव से इस निर्णय पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया।
पलामू में ट्रैफिक डीएसपी और नए औद्योगिक क्षेत्र की मांग
बैठक में पलामू प्रमंडल के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अमित जायसवाल ने मेदिनीनगर की बदहाल यातायात व्यवस्था का मुद्दा उठाया। उन्होंने शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए ट्रैफिक डीएसपी की पदस्थापना की आवश्यकता बताई। साथ ही पलामू जिले में औद्योगिक विकास को गति देने के लिए नए औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना में फेडरेशन से सहयोग मांगा।
चैंबर अध्यक्ष ने क्षेत्रीय स्तर पर उद्योगों की समस्याओं के समाधान के लिए हरसंभव पहल करने का आश्वासन दिया।
गिरिडीह, रामगढ़ और बोकारो के औद्योगिक मुद्दे भी उठे
कोयलांचल प्रमंडल के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अमरजीत सिंह सलूजा ने गिरिडीह में सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक नो-इंट्री के कारण औद्योगिक इकाइयों को कच्चे माल की ढुलाई में हो रही परेशानियों का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि डेमरेज और व्हार्फेज शुल्क के कारण उद्योगों की लागत बढ़ रही है। उन्होंने बाईपास सड़क निर्माण तथा न्यू गिरिडीह होकर स्वीकृत गया–संतरागाछी एक्सप्रेस और मधुपुर–चोपन रेल सेवाओं का परिचालन जल्द शुरू कराने की मांग की।
वहीं, नॉर्थ छोटानागपुर प्रमंडल के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष विनय अग्रवाल ने रामगढ़ के गोला क्षेत्र में नए औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना और बोकारो औद्योगिक क्षेत्र की स्थिति सुधारने के लिए जियाडा से हस्तक्षेप की मांग की। उन्होंने रांची–हजारीबाग मार्ग से राजधानी एक्सप्रेस के परिचालन, रांची रोड रेलवे स्टेशन में सुधार तथा हजारीबाग–चतरा–गया नई रेल लाइन के निर्माण का मुद्दा भी उठाया।
धालभूमगढ़ एयरपोर्ट और स्वास्थ्य सुविधाओं पर जोर
कोल्हान प्रमंडल के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष विजय आनंद मूनका ने जमशेदपुर और आसपास के यात्रियों की सुविधा के लिए धालभूमगढ़ एयरपोर्ट को जल्द चालू करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने नेमरा में उच्चस्तरीय शैक्षणिक संस्थान और अत्याधुनिक चिकित्सकीय अस्पताल स्थापित करने का सुझाव दिया। उनका कहना था कि इससे झारखंड के लोगों को बेहतर शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भरता कम करनी पड़ेगी।
चैंबर अध्यक्ष तुलसी पटेल ने इन विषयों पर आगे की पहल के लिए मुख्यमंत्री से वार्ता करने का आश्वासन दिया। उन्होंने उद्योगों की समस्याओं के प्रभावी समाधान के लिए जियाडा की पीसीसी और एलएसी में क्षेत्रीय उपाध्यक्षों के मनोनयन की पहल करने की बात भी कही।
बस परमिट और रेलवे स्टेशन की व्यवस्था पर चर्चा
बैठक में बस परमिट के नवीनीकरण में आ रही समस्याओं पर भी चर्चा हुई। व्यवसायियों की परेशानियों को देखते हुए चैंबर अध्यक्ष ने संबंधित विभागीय सचिव से जल्द वार्ता करने का आश्वासन दिया।
इसके अलावा रांची रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-1 पर पुनर्निर्माण कार्य के कारण इसके बंद होने से यात्रियों और यातायात व्यवस्था पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर चिंता जताई गई। चैंबर कोषाध्यक्ष नवजोत अलंग ने रांची रेल मंडल के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए वार्ता करने की बात कही।
सदस्यों ने सुझाव दिया कि प्लेटफॉर्म संख्या-1 बंद होने से पहले संबंधित ट्रेनों का ठहराव नामकुम और अरगोड़ा रेलवे स्टेशनों पर सुनिश्चित किया जाए, ताकि रांची स्टेशन रोड पर यातायात का अतिरिक्त दबाव न बढ़े और यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
75 उप समितियों के चेयरमैन मनोनीत
बैठक में वर्तमान सत्र की गतिविधियों के संचालन के लिए सर्वसम्मति से 75 उप समितियों और उनके चेयरमैन का मनोनयन किया गया। चैंबर उपाध्यक्ष विकास विजयवर्गीय ने बताया कि कुछ अन्य उप समितियों का गठन कार्यकारिणी समिति की अगली बैठक में किया जाएगा।
साउथ छोटानागपुर प्रमंडल के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष दामोदर कसेरा ने सिक्कों की कमी के कारण छोटे दुकानदारों को हो रही परेशानी से सदस्यों को अवगत कराया।
बैठक में चैंबर की सदस्यता के लिए प्राप्त नए आवेदनों को भी मंजूरी दी गई। अंत में कार्यकारिणी समिति ने चैंबर के पूर्व उप समिति चेयरमैन स्वर्गीय योगेंद्र पोद्दार के निधन पर मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की।
बैठक में चैंबर अध्यक्ष तुलसी पटेल, उपाध्यक्ष विकास विजयवर्गीय, महासचिव रोहित अग्रवाल, सह सचिव अमित शर्मा और पूजा ढाढा, कोषाध्यक्ष नवजोत अलंग सहित विभिन्न क्षेत्रीय उपाध्यक्ष, कार्यकारिणी सदस्य और जिला चैंबर एवं संबद्ध संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित थे।