
रांची: सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और आम लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को रांची के ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया। परिवहन सचिव राजीव रंजन की उपस्थिति में दलादली चौक, तिलता चौक और ओरमांझी सहित विभिन्न इलाकों में अभियान चलाकर वाहन चालकों, दुकानदारों और स्थानीय नागरिकों को सुरक्षित यातायात का संदेश दिया गया।

बिना हेलमेट चलाने वाले 600 से 700 वाहन चालकों को किया जागरूक
अभियान के दौरान बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वाले लगभग 600 से 700 वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा के महत्व के बारे में बताया गया। उन्हें समझाया गया कि हेलमेट केवल कानूनी अनिवार्यता नहीं, बल्कि जीवन की रक्षा के लिए बेहद जरूरी है। हेलमेट पहनने से सड़क दुर्घटना के दौरान सिर में गंभीर चोट लगने और मृत्यु का जोखिम कम करने में मदद मिलती है।

वाहन चालकों को निर्धारित गति सीमा में वाहन चलाने, यातायात नियमों का पालन करने और सड़क पर लापरवाही से बचने की अपील की गई।
मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप नागरिक चेतना पर जोर
परिवहन सचिव राजीव रंजन ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और राज्य के नागरिकों के जीवन की रक्षा करना सरकार की महत्वपूर्ण प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के सड़क सुरक्षा के प्रति दृष्टिकोण का उल्लेख करते हुए कहा कि लोगों में नागरिक चेतना विकसित करना और सड़क सुरक्षा नियमों को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना जरूरी है।

उन्होंने आम नागरिकों से सड़क सुरक्षा को केवल प्रशासन की जिम्मेदारी न मानकर व्यक्तिगत और सामाजिक दायित्व के रूप में अपनाने की अपील की।
माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर दिया सुरक्षित यातायात का संदेश
अभियान के दौरान वाहन चालकों को जागरूक करने के लिए जनसहभागिता पर आधारित तरीके अपनाए गए। लोगों को माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर सुरक्षित यातायात के लिए प्रेरित किया गया। इसके साथ ही निःशुल्क हेलमेट और सड़क सुरक्षा से संबंधित पंपलेट वितरित किए गए।

मौके पर उपस्थित लोगों को यातायात नियमों का निष्ठापूर्वक पालन करने की शपथ भी दिलाई गई। अभियान का उद्देश्य केवल नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों के व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाकर सड़क दुर्घटनाओं को रोकना था।

नुक्कड़ नाटक के जरिए समझाए गए लापरवाही के दुष्परिणाम
सड़क सुरक्षा का संदेश प्रभावी ढंग से लोगों तक पहुंचाने के लिए कलाकारों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों और नुक्कड़ नाटकों का मंचन किया। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से हेलमेट नहीं पहनने, यातायात नियमों की अनदेखी करने और लापरवाही से वाहन चलाने के दुष्परिणामों को दर्शाया गया।

नाटक में यमराज के पात्र के जरिए नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को प्रतीकात्मक तरीके से जागरूक किया गया। इन कार्यक्रमों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया और सुरक्षित यातायात के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया।

अवैध पार्किंग और सड़क अतिक्रमण से बचने की अपील
अभियान के दौरान सड़क किनारे दुकानदारों और स्थानीय नागरिकों को भी जागरूक किया गया। दुकानदारों से सड़क और फुटपाथ पर अनधिकृत रूप से सामान नहीं रखने तथा सड़क तक दुकान का सामान नहीं फैलाने की अपील की गई। वहीं, वाहन चालकों को बड़े वाहनों सहित अन्य गाड़ियों को निर्धारित और उपयुक्त स्थान पर पार्क करने की सलाह दी गई।

अधिकारियों ने कहा कि सड़क और फुटपाथ को अतिक्रमण मुक्त रखने से यातायात का सुचारु संचालन सुनिश्चित करने और दुर्घटनाओं की आशंका कम करने में मदद मिलती है।
आगे भी जारी रहेंगे सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान
परिवहन विभाग की ओर से स्पष्ट किया गया कि नागरिकों में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और सुरक्षित यातायात की संस्कृति विकसित करने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे। विभाग का लक्ष्य लोगों के व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाना, अवैध पार्किंग और सड़क अतिक्रमण पर अंकुश लगाने के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा राज्य में सुरक्षित यातायात व्यवस्था को मजबूत करना है।

इस अभियान में जिला परिवहन पदाधिकारी, रांची अखिलेश कुमार, मोटर वाहन निरीक्षक राहुल सिद्धार्थ, आईटी असिस्टेंट कविता कुमारी, सड़क सुरक्षा अभियंता गौरव कुमार और अभय कुमार, सड़क सुरक्षा मित्र आशुतोष द्विवेदी तथा ट्रैफिक पुलिस के जवानों सहित परिवहन विभाग के अन्य पदाधिकारी और कर्मी उपस्थित रहे।
सड़क सुरक्षा, सबकी जिम्मेदारी — सुरक्षित सड़क, सुरक्षित जीवन।
