
आखिर किसके कहने पर और किसके इशारों पर हो रही थी रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्रों द्वारा आंदोलन और धरना प्रदर्शन।

जिन कंटेंट क्रिएटर इनफ्लुएंसर को झारखंड सरकार ने यहां के टूरिज्म डेवलप और प्रमोशन पर reels वीडियो बनाने के लिए इंपैनल किया आखिर वह भी क्यों दिन-रात जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम की खबरे को टीआरपी अच्छे व्यूज और फॉलोअर्स मिलने के कारण दिखाते रहे।

क्या वह किसी के दबाव में ऐसा कर रहे थे या कोई बड़ी फंडिंग की डील हुई थी यह एक बड़ा सवाल खड़ा होता है पुलिस को भी इसकी जांच करनी चाहिए कि आखिर दिल्ली से लेकर अन्य राज्यों के यूट्यूबर और इनफ्लुएंसर को किसने यहां पर रहने खाने के साथ बैंक बैलेंस की भी सुविधा मुहैया कराई ।

क्या झारखंड को बंगाल की तरह आग में झोंकने की पूरी साजिश रची गई कौन था इसके पीछे मास्टरमाइंड क्योंकि आप कई वीडियो में देखेंगे कि भाजपा, युवा मोर्चा, RSS विद्यार्थी परिषद , Ajsu JLKM के साथ अन्य पॉलिटिकल और सामाजिक कार्यकर्ता छात्रों के धरना प्रदर्शन को बार-बार बिगाड़ने की कोशिश कर रहे थे ताकि यहां पर भी हिंसा फैलाया जा सके और कोई बड़ी घटना घटे इसके बाद सरकार को बदनाम किया जा सके और मुद्दों को भटकाया जा सके।

दिन रात खाने-पीने के साथ अन्य चीजों की व्यवस्थाएं की जा रही थी ताकि वहां पर हमेशा भीड़ इकट्ठा रहे आंदोलन करने वालों में जेनुइन छात्र कम और बाहरी लोग ज्यादा खाते पीते दिख रहे थे।

लेकिन यहां के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सरकार ने काफी संवेदनशीलता दिखाते हुए छात्रों की बातों को माना और आंदोलन धरणा को समाप्त किया गया फिर जब मामला कोर्ट में गया और फैसला आया स्टे ऑर्डर का तो फिर से इसे बिगाड़ने की पूरी साजिश रची गई जिसमें की असामाजिक तत्व कामयाब नहीं हो पा रहे हैं अब देखने वाली बात होगी कि आने वाले दिनों में सरकार इन सब चीजों से कितनी सख्ती से निपटती है ।

