Ranchi News: केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले का बड़ा बयान, 2029 में फिर NDA सरकार का दावा, छात्रवृत्ति, NEET और झारखंड के बकाया फंड पर बोले

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रांची: केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के राज्य मंत्री एवं रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (RPI) के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामदास अठावले ने रविवार को रांची में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कई राष्ट्रीय, राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर अपनी बात रखी।

डॉ. भीमराव अंबेडकर को याद करते हुए उन्होंने कहा कि बाबा साहेब का देश के संविधान निर्माण और राष्ट्र के विकास में अतुलनीय योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि डॉ. अंबेडकर ने 1956 में बौद्ध धर्म अपनाया था और बौद्ध धर्म विश्व शांति का संदेश देता है। उन्होंने स्वयं को भी बौद्ध धर्म का अनुयायी बताया।



राजनीतिक मुद्दों पर बोलते हुए अठावले ने कहा कि देश को कोई भी दो हिस्सों में नहीं बांट सकता। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए दावा किया कि 2029 के लोकसभा चुनाव में भी एनडीए की सरकार बनेगी और जनता एक बार फिर प्रधानमंत्री मोदी पर विश्वास जताएगी।

उन्होंने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो चुकी है। साथ ही उन्होंने दावा किया कि करोड़ों लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं, सड़क अवसंरचना में तेजी से विकास हुआ है और झारखंड में बड़ी संख्या में जनधन खाते तथा उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन दिए गए हैं।

झारखंड की राजनीति पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को जनता का जनादेश मिला है। उन्होंने शिबू सोरेन के झारखंड आंदोलन में योगदान की भी सराहना की और कहा कि उनकी पार्टी राज्य में अपने संगठन को मजबूत करने का प्रयास कर रही है।

छात्रवृत्ति के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि यदि राज्य सरकार समय पर आवश्यक रिपोर्ट भेजती है तो केंद्र सरकार नियमों के अनुसार 60 प्रतिशत राशि उपलब्ध कराएगी। उन्होंने कहा कि सभी पात्र छात्रों को छात्रवृत्ति मिलनी चाहिए।

संसद के आगामी मानसून सत्र को लेकर उन्होंने संकेत दिया कि महिला आरक्षण विधेयक फिर से लाया जा सकता है। वहीं NEET पेपर लीक मामले पर उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन इस मुद्दे पर राजनीति नहीं होनी चाहिए और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उचित नहीं है।


धर्म परिवर्तन के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि संविधान प्रत्येक नागरिक को अपनी इच्छा से धर्म परिवर्तन का अधिकार देता है, लेकिन किसी पर जबरन धर्म परिवर्तन नहीं कराया जा सकता।

राम मंदिर निर्माण में कथित अनियमितताओं के आरोपों पर उन्होंने कहा कि यदि आरोप लगाए गए हैं तो उनकी जांच के लिए एसआईटी गठित की गई है और जांच जारी है।

झारखंड को केंद्र से मिलने वाले बकाया फंड के संबंध में उन्होंने कहा कि यदि राज्य का कोई पैसा लंबित है तो उसे अवश्य मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन प्रधानमंत्री से इस विषय पर चर्चा कर सकते हैं और वे स्वयं भी इस दिशा में प्रयास करेंगे।

प्रेस वार्ता के दौरान केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर भी उन्होंने नए चेहरों को अवसर मिलने की संभावना जताई।

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