
रांची: पद्मभूषण से सम्मानित झारखंड आंदोलन के महानायक एवं दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि पर मंगलवार को रांची के नेवरी रिंग रोड चौक स्थित दिशोम गुरु शिबू सोरेन चौक पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान नेताओं, कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में झामुमो के केंद्रीय महासचिव एवं प्रवक्ता विनोद कुमार पाण्डेय, विशिष्ट अतिथि के रूप में केंद्रीय महासचिव एवं प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य तथा राज्यसभा सांसद डॉ. महुआ माजी शामिल हुए।
केंद्रीय महासचिव विनोद कुमार पाण्डेय ने कहा कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन झारखंड के मान, सम्मान और स्वाभिमान के प्रतीक थे। उन्होंने घोषणा की कि अब से नेवरी स्थित इस चौक को “दिशोम गुरु शिबू सोरेन चौक” के नाम से जाना जाएगा। साथ ही यहां 14 फीट ऊंची आदमकद प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जिसका अनावरण गुरुजी की जयंती के अवसर पर किया जाएगा।

वहीं, सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि गुरुजी का संघर्ष, त्याग और पहचान की लड़ाई आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि समाज के सम्मान और अधिकारों के लिए गुरुजी का योगदान अविस्मरणीय है।
झामुमो केंद्रीय नेतृत्व के निर्देशानुसार रांची जिला संयोजक प्रमुख मुस्ताक आलम के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में केंद्रीय, जिला, महानगर एवं प्रखंड स्तर के अनेक पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। सभी ने स्वर्गीय शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के दौरान स्थानीय लोगों को अंगवस्त्र ओढ़ाकर सम्मानित किया गया तथा जरूरतमंद लोगों के बीच साड़ी और लूंगी का वितरण भी किया गया।
मुस्ताक आलम ने कहा कि यह दिन ऐतिहासिक है क्योंकि राज्य निर्माता दिशोम गुरु शिबू सोरेन के नाम पर इस चौक का नामकरण किया गया है। उन्होंने बताया कि गोलचक्कर का सौंदर्यीकरण कर यहां गुरुजी की 14 फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जिससे यह स्थल श्रद्धा और प्रेरणा का प्रमुख केंद्र बनेगा।
इस अवसर पर झामुमो के केंद्रीय, जिला, महानगर एवं विभिन्न प्रखंडों के सैकड़ों पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, छात्र मोर्चा के सदस्य और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
