
रांची: झारखंड में 108 एम्बुलेंस कर्मचारियों का आंदोलन तेज हो गया है। बर्खास्त कर्मचारियों की बहाली और लंबित वेतन के भुगतान की मांग को लेकर कर्मचारी विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। संघ ने 40 घंटे तक एम्बुलेंस सेवा बाधित रखने की घोषणा की है। इसके साथ ही मांगें पूरी नहीं होने पर 21 अक्टूबर 2026 से राज्यव्यापी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है।
संघ की घोषणा के अनुसार, गुरुवार रात 8 बजे से बाधित की गई सेवा शनिवार, 17 अक्टूबर की सुबह 8 बजे तक प्रभावित रहने की बात कही गई है। इस दौरान कर्मचारियों का आंदोलन जारी रहेगा।
NHM कार्यालय के समक्ष आज धरना-प्रदर्शन
अपनी मांगों को लेकर 108 एम्बुलेंस कर्मचारी शुक्रवार को रांची स्थित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन करेंगे। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में बर्खास्त कर्मियों की बहाली और लंबे समय से लंबित वेतन का भुगतान शामिल है।
21 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी
कर्मचारी संघ ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द समाधान नहीं निकलता है, तो 21 अक्टूबर 2026 से पूरे झारखंड में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी। कर्मचारियों ने सरकार पर उनकी मांगों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है और समाधान होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी है।
एम्बुलेंस सेवा बाधित होने से मरीजों को हो सकती है परेशानी
108 एम्बुलेंस सेवा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे में सेवा बाधित रहने से मरीजों और जरूरतमंद लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। लोगों को सलाह दी जाती है कि आपातकालीन स्थिति में स्थानीय प्रशासन या स्वास्थ्य विभाग से उपलब्ध वैकल्पिक सहायता की जानकारी लें।
फिलहाल, कर्मचारियों की मांगों पर समाधान को लेकर आगे की स्थिति पर नजर बनी हुई है।