
राँची: संत मदर तेरेसा द्वारा स्थापित मिशनरीस ऑफ चैरिटी द्वारा संचालित जेल रोड में स्थित निर्मल हृदय में आज महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने मानसिक रूप से अस्वास्थ्य लोगों संग क्रिसमस मनाया।

25 दिसंबर को ख्रीस्त विश्वासी प्रभु येसु ख्रीस्त के जन्म दिवस पर क्रिसमस का पर्व मनाते हैं। क्रिसमस का उत्सव एवं उल्लास चारों ओर देखते ही बन रहा है। संपूर्ण राँची के चौराहे रंग बिरंगे लाईट्स से सजे हुए हैं एवं क्रिसमस के धुन चारों ओर सुनाई दे रहे हैं। क्रिसमस प्रभु येसु का प्रेम, दया एवं शांति का पर्व है। साथ ही क्रिसमस गरीबों, हाशिए पर रहने वाले लोगों एवं जरूरतमंदों पर ईश्वर की विशेष कृपा एवं दृष्टि का चिन्ह है क्योंकि प्रभु येसु ने तंगहाली एवं ग़रीब स्थिति में गौशाला में जन्म लेकर गरीबों के साथ सहानुभूति प्रदर्शित किया है। ऐसा ही दया एवं सहानुभूति प्रदर्शित करते हुए महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने निर्मल हृदय में मानसिक रोगियों संग क्रिसमस मनाया।

संत मदर तेरेसा द्वारा स्थापित मिशनरीस ऑफ चैरिटी धर्मबहनों द्वारा संचालित इस निर्मल हृदय में मानसिक रूप से अस्वास्थ्य, विवाह पूर्व गर्भवती महिलाओं एवं अन्य प्रकार के शारीरिक विकलांगता से ग्रसित महिलाओं का प्रेमपूर्वक देखभाल किया जाता है। इसी निर्मल हृदय में आज महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने क्रिसमस के अवसर पर मिस्सा बलिदान अर्पित कर इनके लिए साथ क्रिसमस मनाया। उन्होंने अपने धर्मोपदेश में कहा कि “प्रभु येसु का जन्म हमारे लिए एक चिन्ह है कि ईश्वर हमारे साथ है। बहुत सारे लोग अभी भी ईश्वर को नहीं जान पाए हैं इसलिए हम प्रत्येक को दूत बन कर प्रभु का संदेश दूसरों तक पहुंचाना है।” साथ ही उन्होंने देश के कुछेक राज्यों में क्रिसमस मनाने पर प्रतिबंध पर चिंता व्यक्त की एवं उनके लिए ईश्वर से प्रार्थना करने का आह्वान किया। मिस्सा के अंत में महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने सभी लोगों में भोजन का वितरण कर क्रिसमस के आनंद में सहभागी हुए।

क्रिसमस के इस अवसर पर राँची काथलिक महाधर्मप्रांत के महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद, फ़ा० असीम मिंज, चैरिटी धर्मसंघ की धर्मबहनें एवं वहां सेवा प्राप्त कर रहीं महिलाएं शामिल हुए।

