
देवघर के देवीपुर स्थित एम्स में इन दिनों वहां के सुरक्षाकर्मी विरोध प्रदर्शन करते दिख रहे हैं। गुरुवार और शुक्रवार को सुरक्षाकर्मियों ने अपने सहयोगी कर्मियों को निकाले जाने को लेकर विरोध प्रदर्शन करना शुरू कर दिया।
धरना प्रदर्शन पर बैठे सुरक्षा कर्मियों ने कहा कि पिछले दिनों उनके साथ काम करने वाले पांच सुरक्षाकर्मियों को एम्स प्रबंधन द्वारा बेवजह निकाल दिया गया है।जब उनसे कारण पूछा गया तो प्रबंधन की तरफ से कोई उचित जवाब नहीं मिला।
धरना प्रदर्शन पर बैठे सुरक्षाकर्मी सूरज कुमार मिश्रा ने बताया कि जब से पांच सुरक्षा कर्मियों को बिना कारण निकाला गया है तबसे अन्य सुरक्षाकर्मी चिंतित है कि इस तरह की अनैतिक कार्रवाई उनके ऊपर भी हो सकती है।
सुरक्षा कर्मियों का आरोप है कि यहां पर सुरक्षा कर्मियों के साथ प्रबंधन द्वारा गलत किया जा रहा है।एम्स के सुरक्षाकर्मियों की ड्यूटी बॉर्डर पर तैनात सेनाओं से भी ज्यादा कठिन बना दी गई है।

धरना प्रदर्शन पर बैठे सुरक्षा कर्मियों ने कहा कि सिविलियन के बीच ड्यूटी करने के लिए जिन नियमावलियों का पालन किया जाता है उसी नियमों के साथ एम्स में इतना सुरक्षाकर्मी लोगों के साथ पेश आते हैं और उनकी जांच करते हैं।
रोको टोको और जाने दो के आधार पर एम्स आने वाले सभी मरीजों की जांच की जाती है। लेकिन इसके बावजूद भी एम्स प्रबंधन सुरक्षा कर्मियों को यह कहते नजर आते हैं कि सभी सुरक्षाकर्मी रिश्वत देकर नौकरी पा लिए हैं।
हालांकि सुरक्षा कर्मियों द्वारा शुक्रवार को भी प्रदर्शन पर बैठने के बाद एम्स प्रबंधन के द्वारा संज्ञान लिया गया और आक्रोशित सुरक्षा कर्मियों को यह आश्वासन दिया गया कि अगले दो से तीन दिनों में सारे मामले की जांच कर निकाले गए कर्मचारियों को वापस ले लिया जाएगा।
एम्स प्रबंधन से मिले आश्वासन के बाद ए प्रोसेस सुरक्षा कर्मियों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया और यह चेतावनी दी कि यदि एम्स प्रबंधन अपने रवैया में सुधार नहीं करेगा तो आने वाले समय में सुरक्षा कर्मियों का विरोध प्रदर्शन और भी उम्र होगा।
