महुआ माजी से मिले आदिवासी छात्र संघ, सरना धर्म कोड और परिसीमन पर सौंपा ज्ञापन

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रांची, 17 जुलाई: आदिवासी छात्र संघ और राजी पाडहा सरना प्रार्थना सभा के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार को एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यसभा सांसद डॉ. महुआ माजी से रांची में मुलाकात कर उन्हें एक ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व आदिवासी छात्र संघ के केंद्रीय अध्यक्ष सुशील उराँव ने किया। ज्ञापन के माध्यम से आगामी परिसीमन, सरना धर्म कोड और आदिवासी समाज के राजनीतिक अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाया गया।


सुशील उराँव ने कहा कि झारखंड का गठन आदिवासियों और मूलवासियों के जल, जंगल, जमीन तथा राजनीतिक प्रतिनिधित्व की रक्षा के लंबे संघर्ष का परिणाम है। उन्होंने मांग की कि वर्तमान जनसंख्या के आधार पर परिसीमन करते समय अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए आरक्षित 28 विधानसभा सीटों और सभी ST आरक्षित लोकसभा सीटों में किसी प्रकार की कटौती नहीं की जाए। उनका कहना था कि ऐसा करना संविधान की पाँचवीं अनुसूची और पेसा (PESA) अधिनियम की भावना के विपरीत होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ST सीटों में कटौती की गई तो संगठन सड़क से सदन तक राज्यव्यापी और देशव्यापी आंदोलन करेगा।

रांची विश्वविद्यालय अध्यक्ष मनोज उराँव ने कहा कि आदिवासी समाज लगातार विस्थापन और जनसांख्यिकीय बदलाव का सामना कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि खनन एवं विकास परियोजनाओं से हुए विस्थापन, बाहरी प्रवास और ‘सादा पट्टा’ के माध्यम से आदिवासी भूमि पर कब्जे के कारण जनसंख्या का संतुलन प्रभावित हुआ है। उन्होंने मांग की कि परिसीमन के लिए 1971 की जनगणना को आधार बनाया जाए।


केंद्रीय कोषाध्यक्ष डॉ. जलेश्वर भगत ने आगामी जनगणना में प्रकृति पूजक आदिवासियों के लिए अलग ‘सरना धर्म कोड’ का कॉलम शामिल करने की मांग की। उनका कहना था कि अलग धर्म कोड नहीं होने के कारण आदिवासियों की वास्तविक संख्या दर्ज नहीं हो पाती, जिससे आरक्षण और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर असर पड़ता है।
प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन में ST सीटों का संरक्षण, 1971 की जनगणना को परिसीमन का आधार बनाने, सरना धर्म कोड लागू करने तथा ‘सादा पट्टा’ के माध्यम से हुए कथित अवैध कब्जों को निरस्त करने की मांग की।

राज्यसभा सांसद डॉ. महुआ माजी ने प्रतिनिधिमंडल की मांगों को गंभीरता से सुनते हुए आदिवासी समाज के अधिकारों और सांस्कृतिक पहचान की रक्षा के लिए केंद्र सरकार के समक्ष इन मुद्दों को उठाने का आश्वासन दिया।


इस अवसर पर केंद्रीय अध्यक्ष सुशील उराँव, केंद्रीय कोषाध्यक्ष डॉ. जलेश्वर भगत, रांची विश्वविद्यालय अध्यक्ष मनोज उराँव, केंद्रीय मीडिया प्रभारी सुमित उराँव, रांची जिला अध्यक्ष राजू उराँव, जिला संयोजक अरविंद टोप्पो, रमेश मुण्डा, अनिल कच्छप, अमित तिग्गा, लक्ष्मण उराँव, संदीप उराँव, अनूज तिर्की, विवेक तिर्की, महादेव उराँव, पंकज तिर्की, बबलू उराँव, अनिल उराँव, प्रकाश भगत, देवदर्शन उराँव, रामप्रवेश मुण्डा, सुरेंद्र गंझू सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।

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