
रामगढ़ स्थित सीसीएल के खान बचाव केंद्र, नईसराय में आयोजित 40वीं क्षेत्रीय खान बचाव प्रतियोगिता-2026 के तीसरे दिन विभिन्न बचाव और तकनीकी स्पर्धाओं का आयोजन किया गया। लगातार बारिश के बावजूद प्रतियोगिता में शामिल रेस्क्यू टीमों के उत्साह और प्रतिस्पर्धात्मक भावना में कोई कमी नहीं आई।
तीसरे दिन प्रतिभागियों ने रेस्क्यू एवं रिकवरी, फर्स्ट एड और स्टैच्यूटरी टेस्ट समेत कई व्यावहारिक एवं तकनीकी स्पर्धाओं में हिस्सा लिया। इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित निर्णय लेने की क्षमता, टीमवर्क, तकनीकी दक्षता और निर्धारित सुरक्षा प्रक्रियाओं के अनुसार बचाव कार्य करने की क्षमता का परीक्षण किया गया।
रेस्क्यू एवं रिकवरी से जुड़ी स्पर्धाओं में टीमों के बीच बेहतर समन्वय, तत्परता और तकनीकी कौशल देखने को मिला। प्रतिभागियों ने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में सुरक्षा मानकों और निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन करते हुए अपनी पेशेवर क्षमता का प्रदर्शन किया।

प्रतियोगिता के मूल्यांकन के लिए निदेशालय खान सुरक्षा (DGMS) तथा सीसीएल के विशेषज्ञ अधिकारियों को शामिल करते हुए निर्णायक मंडल का गठन किया गया है। निर्णायक मंडल द्वारा निर्धारित मानकों और प्रक्रियाओं के आधार पर प्रतिभागी टीमों के प्रदर्शन का निरीक्षण एवं मूल्यांकन किया जा रहा है।
इस प्रतियोगिता का उद्देश्य भूमिगत खदानों में संभावित दुर्घटनाओं और आपातकालीन परिस्थितियों के दौरान रेस्क्यू टीमों की तत्परता, तकनीकी दक्षता, टीमवर्क और निर्णय क्षमता को परखना तथा उन्हें और मजबूत करना है।
प्रतियोगिता में सीसीएल के 11 क्षेत्रों—बरका-सयाल, बीएंडके, अरगड्डा, कुजू, हजारीबाग, ढोरी, कथारा, मगध-संघमित्रा, एन.के., आम्रपाली-चंद्रगुप्त और पिपरवार के अलावा एनसीएल एवं जेएमएस (चूरी) की टीमें भी हिस्सा ले रही हैं।
लगातार बारिश के बावजूद रेस्क्यू टीमों ने पूरे उत्साह और अनुशासन के साथ प्रतियोगिता में भाग लिया। प्रतिकूल मौसम भी उनके हौसले को प्रभावित नहीं कर सका।
24 सितंबर 2026 को प्रतियोगिता के अंतिम दिन समापन समारोह और पुरस्कार वितरण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दौरान विभिन्न स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली विजेता टीमों और प्रतिभागियों को सम्मानित किया जाएगा।
